भारत में ईरान के सर्वोच्च नेता के प्रतिनिधि हुज्जतुल इस्लाम वल मुस्लिमीन डॉ. अब्दुल मजीद हकीम इलाही ने एनडीटीवी वर्ल्ड समिट 2026 के अवसर पर वैश्विक हिंदू धार्मिक एवं सामाजिक संगठन बीएपीएस के अंतरराष्ट्रीय प्रवक्ता और अबू धाबी स्थित बीएपीएस हिंदू मंदिर के प्रमुख ब्रह्मविहारी स्वामी जी से मुलाक़ात की।
भारत में ईरान के सर्वोच्च नेता के प्रतिनिधि हुज्जतुल इस्लाम वल मुस्लिमीन डॉ. अब्दुल मजीद हकीम इलाही ने एनडीटीवी वर्ल्ड समिट 2026 के अवसर पर वैश्विक हिंदू धार्मिक एवं सामाजिक संगठन बीएपीएस के अंतरराष्ट्रीय प्रवक्ता और अबू धाबी स्थित बीएपीएस हिंदू मंदिर के प्रमुख ब्रह्मविहारी स्वामी जी से मुलाक़ात की।
इस मुलाक़ात के दौरान दोनों धार्मिक नेताओं ने वैश्विक शांति, अंतरधार्मिक संवाद, आपसी सम्मान और शांतिपूर्ण सह-अस्तित्व को बढ़ावा देने में धर्म की भूमिका पर चर्चा की।
दोनों धार्मिक नेताओं ने इस बात पर ज़ोर दिया कि दुनिया में स्थायी शांति स्थापित करने के लिए टकराव और मतभेदों के बजाय संवाद, एक-दूसरे के विचारों का सम्मान तथा साझा मानवीय मूल्यों को महत्व देना आवश्यक है।
मुलाक़ात के दौरान ब्रह्मविहारी स्वामी जी ने ईरान और वहाँ के लोगों के प्रति अपना प्रेम और सद्भाव व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि वह हमेशा ईरान और उसके लोगों के लिए प्रार्थना करते हैं।
दोनों नेताओं ने धर्मों, संस्कृतियों और सभ्यताओं के बीच निकटता बढ़ाने में धार्मिक नेताओं और समुदायों की ज़िम्मेदारी पर भी प्रकाश डाला। उनका कहना था कि सहानुभूति, न्याय, आपसी समझ और मानवीय गरिमा का सम्मान शांति तथा सद्भाव स्थापित करने के लिए बुनियादी महत्व रखते हैं।
इस मुलाक़ात में इस बात पर भी ज़ोर दिया गया कि विभिन्न धर्मों के नेताओं के बीच संपर्क और संवाद से ग़लतफ़हमियों तथा मतभेदों को कम करने, एकता को मज़बूत बनाने और विभिन्न समुदायों के बीच संबंधों को बेहतर बनाने में मदद मिल सकती है।