चोकासी ने एक टीवी कार्यक्रम में कहा कि उरुग्वे अंतरराष्ट्रीय आपराधिक न्यायालय के साथ किए गए अपने दायित्वों का पूरी तरह पालन करता है। इसलिए नेतन्याहू के उरुग्वे आने की स्थिति में उनके खिलाफ जारी अंतरराष्ट्रीय गिरफ्तारी वारंट को लागू किया जाएगा।
उप विदेश मंत्री ने स्पष्ट किया कि इस मामले में उरुग्वे की अंतरराष्ट्रीय प्रतिबद्धताओं को लेकर किसी तरह की अस्पष्टता या संदेह नहीं है।
गौरतलब है कि अंतरराष्ट्रीय आपराधिक न्यायालय ने नवंबर 2024 में ग़ाज़ा में कथित मानवता के खिलाफ अपराधों के आरोप में नेतन्याहू और इज़रायल के पूर्व रक्षा मंत्री के खिलाफ गिरफ्तारी वारंट जारी किया था।













