दुनिया के छह महाद्वीपों में 60 से अधिक देशों के 200 से ज्यादा नागरिक संगठनों, श्रमिक संघों, छात्र महासंघों, मानवाधिकार नेटवर्क और जन संगठनों ने फिलिस्तीन के समर्थन में एकजुट होकर अभियान चलाने की तैयारी की है। यह वैश्विक समन्वित अभियान शनिवार, 10 अक्टूबर को आयोजित किया जाएगा।
इस समन्वित अभियान का आयोजन ‘ग्लोबल अलायंस फॉर फिलिस्तीन’ द्वारा किया जा रहा है। इसे ‘एंटी-अपार्थाइड मूवमेंट’ (AAM) और ‘सानेड’ (SANED) सहित विभिन्न संगठनों का समर्थन प्राप्त है।
आयोजकों के अनुसार, इस अभियान का उद्देश्य एक व्यापक और प्रत्यक्ष नागरिक हस्तक्षेप तैयार करना है, जिसके माध्यम से इजरायल द्वारा किए जा रहे युद्ध अपराधों और मानवता के खिलाफ अपराधों के संदर्भ में सार्वजनिक मिलीभगत को समाप्त करने और व्यवस्थित जवाबदेही की मांग को मजबूत किया जा सके।
‘विश्वव्यापी कार्रवाई दिवस’ के तहत विभिन्न देशों में सक्रिय फिलिस्तीन समर्थक आंदोलनों और संगठनों को एक साझा अंतरराष्ट्रीय ढांचे के तहत जोड़ा जाएगा। आयोजकों का कहना है कि इस पहल के माध्यम से स्थानीय परिस्थितियों और राजनीतिक-सामाजिक संदर्भों के अनुरूप अलग-अलग देशों में अभियान चलाने वाले संगठनों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित किया जाएगा।
‘10 अक्टूबर लामबंदी’ का उद्देश्य विभिन्न देशों में पहले से चल रहे फिलिस्तीन समर्थक अभियानों को एक-दूसरे से जोड़ना है। इसके तहत स्थानीय संगठनों को एक साझा ढांचा उपलब्ध कराया जाएगा, ताकि वे अपने-अपने सामाजिक और राजनीतिक परिवेश के अनुरूप गतिविधियां संचालित कर सकें। इस प्रकार स्थानीय अभियानों को एक वैश्विक सप्ताहांत अभियान के रूप में समन्वित किया जाएगा।
यह वैश्विक लामबंदी दो प्रमुख मांगों के इर्द-गिर्द आयोजित की जा रही है—फ़िलिस्तीनी भूमि की रक्षा और जनसंहार का अंत।
आयोजकों के अनुसार, इन मांगों में गाजा पर जारी इजरायली हमलों के साथ-साथ अधिकृत पश्चिमी तट में राज्य समर्थित बस्तियों के विस्तार, भूमि पर कब्जे और बढ़ती सैन्य कार्रवाइयों तथा हिंसा का विरोध भी शामिल है।
आयोजकों ने इसे फिलिस्तीन के समर्थन में अंतरराष्ट्रीय स्तर पर नागरिक समाज की एकजुटता को मजबूत करने और विभिन्न देशों में चल रहे अभियानों को साझा वैश्विक मंच से जोड़ने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम बताया है।
स्रोतः MIDLE EAST MONITOR













